“मेरी चिता को आग… वो देगी!” : 20 साल बाद लौटा एक दफ़न राज़
सुबह के पाँच बजे थे। राजेश, शहर के सबसे कामयाब बिज़नेसमैन, आज मौत के बिस्तर पर थे। उनकी पत्नी प्रिया, […]
सुबह के पाँच बजे थे। राजेश, शहर के सबसे कामयाब बिज़नेसमैन, आज मौत के बिस्तर पर थे। उनकी पत्नी प्रिया, […]
शहर आर्यन को ‘नवाब’ कहता था। लेकिन आर्यन के लिए दुनिया सिर्फ मायरा में सिमटी थी। सात साल का इंतज़ार
मेरा नाम आलिया है। यह मेरी एक ऐसी कॉन्ट्रैक्ट लव स्टोरी है, जो मजबूरी में शुरू हुई। मैं एक आम
मेरा नाम मीरा है। मैं अपने बड़े भाई रोहन की लाडली छोटी बहन थी। उस उम्र में, जब ज़िंदगी एक
मेरा नाम अनन्या है, और जब मेरी शादी विक्रम जी से हुई, तो मुझे लगा जैसे मुझे दुनिया की सारी
मेरा नाम प्रिया है, और मेरी कहानी उन सपनों से शुरू होती है जो मैंने जयपुर की रंगीन गलियों में
मेरा नाम प्रणीत है, और मैं हमेशा से प्यार को एक खेल समझता आया हूँ। लड़कियों के इमोशन के साथ
मेरा नाम शंकर है, और मैं अपनी प्यारी पत्नी राधा के साथ मुंबई के एक छोटे से किराए के मकान
मेरा नाम आरती है। आज से 11 साल पहले जब मेरी शादी हुई, तो मुझे लगा कि मेरी दुनिया पूरी
मेरा नाम विकास है, और मेरी कहानी मेरे गाँव की उन गलियों की है, जहाँ बचपन की दोस्ती ने कब